नई दिल्ली: मोदी सरकार ने प्राइवेट सेक्टर की सभी कंपनियों को आदेश दिया है कि वह अपने कर्मचारियों का वेतन न काटें। इसके उलट कई कंपनियों ने वेतन काटने का आदेश दे दिया। अभी तक सबसे ज्यादा एविएशन सेक्टर की कंपनियों ने कर्मचारियों के वेतन कटौती का आदेश दिया है। इसमें गो एयर, एयर इंडिया शामिल हैं। एयर इंडिया ने अपने कर्मचारियों की सैलेरी को 5 फीसदी तक काटने का फैसला किया है। कुछ अन्य मदों में भी कटौती की तैयारी है। एयर इंडिया फिलहाल घाटे में चल रही है और निजीकरण के प्रयास कर रही है । लेकिन दो साल से इसे एक भी खरीदार नहीं मिला है । ऐसे में कोरोना की वजह से कंपनी की वित्तीय हालत और भी खराब हो गई है। वहीं बुधवार को गोएयर के सीईओ विनय दूबे ने भी वेतन कटौती का ऐलान कर दया। कहा कि कोरोना वायरस महामारी ने विमानन क्षेत्र के राजस्व पर भारी असर डाला है और इसलिए गोएयर के सभी कर्मचारियों के मार्च के वेतन में कटौती की जाएगी।
नौकरी भी जाएगी, कई कर्मचारियों को अवैतनिक अवकाश पर भेजा
गोएयर ने पहले ही लागत में कटौती के कुछ उपाय किए हैं। इन उपायों में पायलटों की छुट्टी करना, कर्मचारियों को क्रमिक रूप से अवैतनिक अवकाश पर जाने के लिए कहना और शीर्ष नेतृत्व के वेतन में 50 प्रतिशत तक कटौती का फैसला शामिल है। विनय दूबे ने कर्मचारियों से एक आधिकारिक संदेश में कहा, "वर्तमान परिस्थितियों में हमारे पास इसके सिवा कोई विकल्प नहीं बचा है कि मार्च महीने के लिए हम सभी के वेतन में कटौती करेंगे। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि सबसे कम वेतनमान को सबसे कम नुकसान हो।" भारत ने अंतरराष्ट्रीय और घरेलू उड़ानों को निलंबित कर दिया गया है।
इंडिगो ने वापस लिया वेतन कटौती का आदेश
वेतन कटौती का सबसे पहले फैसला इंडिगो ने लिया था। इंडिगो के सीईओ रंजय दत्ता ने पिछले हफ्ते कहा था कि कंपनी के वरिष्ठ कर्मचारियों के वेतन में 25 प्रतिशत तक की कटौती होगी। हालांकि मंगलवार को उन्होंने यह फैसला वापस ले लिया। मंगलवार को सभी कर्मचारियों को एक ई-मेल के माध्यम से इसकी सूचना दी। बताया कि अप्रैल के लिए पहले से ही ठीक-ठाक अग्रिम बुकिंग है। इसलिए हम उसका प्रयोग वेतन के लिए कर लेंगे। हालांकि यह सूचना मोदी के 21 दिनों के लॉकडाउन की घोषणा से पहले जारी की गई थी। ऐसे में अब संभावना है कि एक बार फिर कंपनी वेतन कटौती का ऐलान कर सकती है।
इंटरनेशनल और घरेलू उड़ानों पर लगी है रोक
लॉकडाउन के चलते इंटरनेशनल के साथ घरेलू उड़ानों पर भी 31 मार्च तक रोक है। बताया जाता है कि यह रोक 14 अप्रैल तक बढ़ाई जा सकती है। ऐसे में एविएशन सेक्टर में काम करने वाले लोगों के लिए यह सबसे कठिन दिन होंगे।
आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
fromSource
No comments:
Post a Comment