इस्लामाबाद: पाकिस्तान में राष्ट्रपति कार्यालय से जुड़े बजट में वित्त वर्ष 2020-21 के लिए 60 प्रतिशत की भारी कटौती की गई है। वहीं इस दौरान उच्चतम न्यायालय और इस्लामाद उच्च न्यायालय के व्यय में बढ़ोतरी की गई है। बजट दस्तावेज से यह जाननकारी मिली है। पाकिस्तान ने 2020-21 का बजट शुक्रवार को पेश किया था। बजट का ब्योरा अब सामने आ रहा है। ‘डॉन’ अखबार की रिपोर्ट के अनुसार समाप्त हो रहे वित्त वर्ष के लिए राष्ट्रपति भवन का कुल बजट 99.2 करोड़ रुपये था, लेकिन राष्ट्रपति आरिफ अल्वी ने 2020-21 के लिए इसे 60.18 प्रतिशत या 59.7 करोड़ रुपये घटा दिया है।
राष्ट्रपति ने जहां अपने व्यक्तिगत खर्चों में कटौती की है वहीं मानव संसाधन के भत्तों में भी कमी की गई है। पाकिस्तान में वित्त वर्ष एक जुलाई से 30 जून तक होता है। बजट दस्तावेज के अनुसार राष्ट्रपति सचिवालय के कर्मचारियों और अधिकारियों का नियमित भत्ता और अन्य भत्ते 2020-21 में 19.32 करोड़ रुपये रहेंगे, जो 2019-20 के लिए 45.87 करोड़ रुपये थे।
इसी तरह राष्ट्रपति भवन के परिचालन खर्च को 18.04 करोड़ रुपये से घटाकर 5.33 करोड़ रुपये कर दिया गया है। वहीं नए बजट में उच्चतम न्यायालय का खर्च करीब 15 प्रतिशत बढ़ाकर 2.40 अरब रुपये किया गया है। रिपोर्ट के अनुसार इस्लामाबाद उच्च न्यायालय ने अपने न्यायाधीशों, अन्य अधिकारियों तथा कर्मचारियों के वेतन और भत्तों में 33.86 प्रतिशत की बढ़ोतरी की है।
इसी प्रकार प्रधानमंत्री के लिए कुल बजट ‘आंतरिक और सार्वजनिक’ घटकर 86.30 करोड़ रुपये रह गया है, जो समाप्त हो रहे वित्त वर्ष में 1.04 अरब रुपये था। सभी मदों में बजट में कटौती की गई है। प्रधानमंत्री कार्यालय से जुड़े कर्मचारियों का बजट भी 75.28 करोड़ रुपये से घटकर 68.68 करोड़ रुपये रह गया। 2019- 20 में प्रधानमंत्री कार्यालय के लिये वेतन और भत्तों के वास्ते 87.94 करोड़ रुपये का बजट मंजूर था।
Thanks for reading.
Please Share, Comment, Like the post And Follow, Subscribe IVX Times.
fromSource
No comments:
Post a Comment